खतरनाक: शावक को लगी बाइक से टक्कर, गुस्साई मादा तेंदुए ने ग्रामीणों पर बोल दिया हमला
संवाददाता
रामनगर, 09 सितंबर। पहाड़ों के साथ साथ अब राज्य के मैदानी इलाकों में भी खतरनाक वन्य जीवों के हमले बढ़ने लगे हैं। खासतौर से तराई के जसपुर क्षेत्र में गुलदार की सक्रियता बढ़ती जा रही है। ताज़ा मामला जसपुर के तराई पश्चिमी वन प्रभाग का है। बताया जाता है कि वहां पतरामपुर रेंज के निजामगढ़ गांव में कल देर रात गुलदार ने छह लोगों पर हमला कर दिया। हमले से एक शख्स गंभीर रूप से तथा बाकी लोग मामूली तौर पर घायल हो गए।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि मादा गुलदार उस वक्त हमलावर हो गई, जब एक बाइक सवार ने गुलदार के बच्चे को टक्कर मार दी। हमले की इस घटना के बाद से स्थानीय लोग दहशत में हैं।
जानकारी के अनुसार, बीती देर रात को मादा गुलदार अपने दो बच्चों के साथ चहलकदमी करते लोगों को दिखाई दी। बताया जा रहा है कि मादा गुलदार ने लोगों पर उस वक्त हमला कर दिया, जब किसी बाइक सवार ने गुलदार के बच्चे को टक्कर मार दी। ये देखकर मादा गुलदार आक्रामक हो गई और उसने एक के बाद एक कई बाइक सवारों पर हमला कर डाला। आनन-फानन में घटना की जानकारी वन विभाग के अधिकारियों को दी गई। जब तक वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची, मादा गुलदार अपने बच्चों के साथ गन्ने के खेत में घुस कर गायब हो गई। थोड़ी देर बाद गुलदार ने बृजेंद्र सिंह के मकान के बाहर बैठे लोगों पर हमला कर दिया। हमले में बृजेंद्र सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए। गुलदार के इस हमले में कुल छह लोग घायल हो गए। स्थानीय लोगों का कहना है कि गुलदार की सक्रियता से वो अपने घरों से बाहर निकलने से कतरा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि वन विभाग की टीम क्षेत्र में सही से गश्त नहीं कर रही है और ना ही गुलदार को पकड़ने के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं। इस संबंध में वन क्षेत्र अधिकारी अनिल चौहान का कहना है कि वन विभाग की टीम क्षेत्र में लगातार गश्त कर ही है। उच्चाधिकारियों के आदेश के बाद गुलदार को पकड़ने के लिए पिंजरा और कैमरा ट्रैप जल्द लगाया जाएगा। बहरहाल, ग्रामीणों को गुलदार की दहशत से कब तक निजात मिल पाएगी, अभी यह कहना मुश्किल है।
