सड़क की बदहाली के विरोध में पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने रखा मौन व्रत
रामनगर। मोहान- रानीखेत रोड की बदहाली से खफा पूर्व सीएम हरीश रावत मौन व्रत पर बैठ गए हैं। हरीश रावत इस सड़क मार्ग की बदहाली को लेकर सौराल के पास रोड पर ही मौन व्रत करके बैठ गए। यह सड़क मार्ग रामनगर से हरीश रावत के गांव मोहनारी को भी जोड़ता है।
कांग्रेस के वरिष्ठ व दिग्गज नेता हरीश रावत बुधवार को कार्यकर्ताओं के साथ मोहान-रानीखेत मार्ग पर मौन व्रत पर बैठ गए। सौराल के पास सड़क पर अभी हरीश रावत का मौन व्रत चल रहा है। गौरतलब है सरकारों की हीला हवाली की वजह से यह रोड बदहाल है। पहले इसी रोड से चारधाम की यात्रा की शुरुआत होती थी। आज इस रोड का हाल बेहाल है।
मौन व्रत खत्म होने के बाद हरीश रावत ने सरकार से क्षतिग्रस्त सड़क का निर्माण कराने की मांग की। साथ ही उन्होंने सरकार को चेतावनी दी कि अगर दो माह के भीतर सड़क निर्माण कार्य शुरू नहीं हुआ तो वह भूख हड़ताल पर बैठेंगे।
हरीश रावत ने भाजपा सरकार पर अनदेखी का आरोप लगाया। उन्होंने कहा रामनगर से रानीखेत, बेतालघाट, धुमाकोट, लैंसडाउन समेत कई विधानसभा के मुख्य मार्ग अब तक क्षतिग्रस्त हैं। जिसके चलते दुर्घटनाओं की संभावना हमेशा बनी रहती है। पर्यटकों को आवागमन में परेशानियों का सामना करना पड़ता है।

