एम्स ऋषिकेश समारोह में एआई से उपराष्ट्रपति संग फर्जी फोटो बनाने पर व्यक्ति पर मुकदमा
ऋषिकेश: एम्स (AIIMS) ऋषिकेश के दीक्षांत समारोह के दौरान देश के उपराष्ट्रपति के आगमन को भुनाने और समाज में अपना रसूख दिखाने की कोशिश करने वाले एक के खिलाफ पुलिस ने मामला दर्ज किया है. उस पर आरोप है कि उसने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और इलेक्ट्रॉनिक संसाधनों का उपयोग कर उपराष्ट्रपति के साथ अपनी फर्जी तस्वीरें बनाईं और उन्हें सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया.
एम्स (AIIMS) चौकी प्रभारी देवेंद्र सिंह पंवार के मुताबिक अनुसार, 23 अप्रैल 2026 को एम्स ऋषिकेश में दीक्षांत समारोह आयोजित किया गया था. जिसमें उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए थे. इसी दौरान एक व्यक्ति ने अपनी फेसबुक आईडी और समाचार पत्रों के माध्यम से ऐसी तस्वीरें प्रसारित की, जिनमें वह उपराष्ट्रपति और अन्य गणमान्य व्यक्तियों के साथ खड़ा दिखाई दे रहा है. पुलिस जांच में यह बात सामने आई है कि ये तस्वीरें असली नहीं थी. आरोपी ने एआई (AI) और आधुनिक फोटो एडिटिंग टूल्स का सहारा लेकर उपराष्ट्रपति के साथ अपनी फर्जी फोटो तैयार की.
इन तस्वीरों का उद्देश्य लोगों को भ्रमित करना और खुद को ऊंची पहुंच वाला व्यक्ति दिखाकर आर्थिक या सामाजिक लाभ कमाना था. एम्स चौकी प्रभारी देवेंद्र सिंह पंवार की तहरीर पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की है. आरोपी के खिलाफ कई धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है. ऋषिकेश कोतवाली प्रभारी निरीक्षक कैलाश चंद्र ने बताया कि 23 अप्रैल को एम्स ऋषिकेश में दीक्षांत समारोह में महामहिम उपराष्ट्रपति पहुंचे थे, जहां पर उस व्यक्ति का नाम न तो अतिथियों की लिस्ट में था ना ही प्रोटोकॉल में था. इसके बावजूद भी उसने फर्जी तरीके से उपराष्ट्रपति के साथ अपनी फोटो जोड़कर सोशल मीडिया पर प्रसारित किया और समाचार पत्रों में भी खबर छपवाई. उन्होंने बताया कि इस मामले की गंभीरता को देखते हुए व्यक्ति पर मुकदमा दर्ज कर लिया है.इसके साथ ही अन्य पहलुओं पर भी जांच की जा रही है.
बता दें कि बीते दिनों उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन एम्स ऋषिकेश के छठवें दीक्षांत समारोह में शामिल हुए थे. समारोह में उपराष्ट्रपति ने पास आउट हुए स्टूडेंट्स को डिग्रियां बांटी. जौलीग्रांट एयरपोर्ट पर राज्यपाल और सीएम ने उपराष्ट्रपति का भव्य स्वागत किया. जिसके बाद उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन एम्स ऋषिकेश के दीक्षांत समारोह में पहुंचे थे.
