विधान सभा का बजट सत्र शुरू,वित्त मंत्री ने पेश किया रु 65571.49 करोड़ का वार्षिक बजट
देहरादून। मंगलवार को उत्तराखण्ड विधानसभा बजट सत्र शुरू हो गया। सत्र के पहले दिन वित्त मंत्री प्रेमचन्द अग्रवाल ने वर्ष 2022-23 का 65571.49 करोड़ का वार्षिक बजट सदन में प्रस्तुत किया।
वित्त मंत्री अग्रवाल ने अपने 61 पृष्ठ के बजट भाषण में विस्तार से विभिन्न योजनाओं का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि वर्ष 2022-23 में राजस्व प्राप्तियों में 51474.27 करोड़ की राजस्व आय अनुमानित है। जबकि आय-व्यय अनुमान में कर राजस्व 24500.72 करोड़ अनुमानित है। उन्होंने बताया कि इस बजट में स्वयं का कर राजस्व 15370.56 करोड़ है और करेत्तर राजस्व के अन्तर्गत रु 5520.79 करोड़ की प्राप्ति अनुमानित है। उन्होंने बताया कि वित्तीय वर्ष 2022-23 में कुल प्राप्तियां 63774.55 करोड़ अनुमानित है। वित्त मंत्री ने बजट प्रस्तुत करते हुये बताया कि वर्ष 2022-23 में कुल रु 65571.49 करोड़ का व्यय अनुमानित है। इस कुल व्यय में 49013.31 करोड़ का राजस्व लेखे का व्यय तथा रु16558.18 करोड़ पूँजी लेखे का व्यय अनुमानित है। उन्होंने बताया कि इस वित्तीय वर्ष में राज्य कर्मचारियों के वेतन-भत्तों पर लगभग रु 17350.21 करोड़ व्यय का प्राविधान किया गया है। उन्होंने बताया कि पेंशन की मद में रु 6703.10 करोड़ का प्राविधान किया गया है, जबकि ब्याज भुगतान हेतु रु 6017.85 करोड़ का प्राविधान किया गया है। अग्रवाल ने बताया कि राजकोषीय संकेतक के रूप में वर्ष 2022-23 के आय-व्ययक प्रस्ताव के आधार पर रु 2460.96 करोड़ का राजस्व अधिशेष अनुमानित है। जबकि राजकोषीय घाटा रु 8503.70 करोड़ है, जो राजकोषीय घाटा राजकोषी उत्तरदायित्व एवं बजट प्रबन्धन अधिनियम के अन्तर्गत निर्धारित लक्ष्य की सीमान्तर्गत है। दूसरी तरफ विपक्ष ने इस बजट को निराशाजनक बताया है।

